प्रदेश के एमएसएमई मंत्री श्री चैतन्य कश्यप ने कहा कि इंदौर और उज्जैन उत्सव और महोत्सव की नगरी है, जहां आये दिन कोई न कोई सांस्कृतिक और रचनात्मक कार्यक्रम आयोजित होते हैं। इंदौर पत्रकारिता की उर्वरा भूमि है, जहां राजेन्द्र माथुर, वैद प्रताप वैदिक से लेकर राहुल बारपुते, कृष्णकुमार अष्ठाना जैसे मूर्धन्य पत्रकार और संपादक हुए हैं। ऐसे शहर में स्टेट प्रेस क्लब म.प्र. द्वारा तीन दिवसीय भारतीय पत्रकारिता महोत्सव आयोजित करना स्वागत योग्य है।

इसके लिये आयोजक बधाई के पात्र हैं। मंत्री श्री कश्यप शनिवार को जाल सभागृह इंदौर में भारतीय पत्रकारिता महोत्सव में अपना मुख्य सम्बोधन दे रहे थे। पत्रकारिता महोत्सव की जानकारी अध्यक्ष श्री प्रवीण खारीवाल ने दी। कार्यक्रम में वरिष्ठ टीवी पत्रकार श्री मिलिंद खाण्डेकर विशेष रूप से उपस्थित थे।

खास बातें

  • मंत्री श्री कश्यम ने आगे कहा कि जेन-जी पश्चिम की अवधारणा है।
  • इसलिए अलग-अलग प्रांतों के जेन-जी भी अलग-अलग होंगे।
  • प्रदेश में आज 60 हजार स्टार्टअप रजिस्टर्ड है।

मंत्री श्री कश्यम ने आगे कहा कि जेन-जी पश्चिम की अवधारणा है। भारत में जेन-जी के अलग-अलग मायने हैं। इसलिए अलग-अलग प्रांतों के जेन-जी भी अलग-अलग होंगे। उन्होंने कहा कि जेन-जी एक उद्यमशीलता की उम्र है। जहां पर व्यक्ति बड़े-बड़े सपने देखता है और उसे साकार करने के लिये कड़े परिश्रम की आवश्यकता होती है। आज जेन-जी को ‍‍दिशा देना जरूरी है। उन्होंने आगे कहा कि पत्रकारिता के सामने आज विश्वसनीयता का संकट है।

आज की खबरों में प्रामाणिकता का अभाव है। इस पर चिंतन की आवश्यकता है। उन्होंने आगे कहा कि प्रदेश सरकार उद्यमशीलता को बढ़ावा देने के लिए एमएसएमई के माध्यम से कई प्रकार की योजनाएं और कार्यक्रम चला रही हैं। प्रदेश में आज 60 हजार स्टार्टअप रजिस्टर्ड है। राज्य शासन ऐसे स्टार्टअप को बुनियादी सुविधाओं के साथ अनुदान भी प्रदान कर रही है। आने वाले दिनों में स्टार्टअप की संख्या और बढ़ेगी।

मंत्री श्री कश्यप ने आगे कहा कि आज के जेन-जी को कौशल विकास की अधिक आवश्यकता है। जेन-जी को नये आइडिया के साथ कौशल पर भी ध्यान देंगे तो देश तेजी से तरक्की करेगा। उन्होंने जेन-जी से आव्हान किया कि वे इस प्रकार की उद्यमशीलता दिखायें कि वर्ष 2047 में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के विकसित भारत का सपना पूरा हो सके। मंत्री श्री कश्यप ने भारतीय पत्रकारिता महोत्सव में आयोजित छायाचित्र प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया।